अनाथ बच्चे..... जन्नत मांगी खुदा से सबने, हमने मांगे माँ-बाप है हमारे पास घर भी नहीं है, महलों की सबको आस है न लोरी सुनाने वाली माँ, न चॉक्लेट दिलाने वाले पापा है बचपन से न देखा माँ-बाप को, न पहचाना अपने आप को माँ-बाप से दूरियां तकलीफ देती है, बच्चो से खुशियां छीन लेती है घूमते है पागल बनकर सड़को पर, सोचते है माँ-बाप बिठा ले पलकों पर पर ये तो सपना सा रह जाता है, जब अनाथ होने का सच सामने आता है जन्नत मांगी खुदा से सबने, हमने मांगे माँ-बाप है हमारे पास घर भी नहीं है, महलों की सबको आस है !!!!!
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