Skip to main content

Posts

Showing posts from August, 2021

Dogli duniya.....

 दोगली दुनिया..... दोगली दुनिया है,   मतलब का  संसार है  यहाँ मतलब के लिए, हर किसी को एक दूसरे से प्यार है मतलब पड़ने पर तू मेरा यार है,   उसके बाद तेरी मेरी दोस्ती बेकार है  शायद यही ज़िंदगी की रीत है,   और इसी पर सबको  एतबार है  यहाँ कहने को तो सब अपने है,   पर मुखौटा सबने पहना होता  है  चलने को तो  साथ  सब  चल   लेते है,   क्योंकि ये सच का चोला सबने ओढ़ा  होता है  मुसीबत में जो साथ खड़ा हो,   वो सच्चा यार है  मतलब तो मतलब पड़ने पर है,  वरना ये दुनिया ही बेकार है तू मेरा यार है,    मैं तेरा यार हूँ  ये शब्द सुनने में तोअच्छे  लगते  है,   आती है जब इंसानियत की बारी  तो यही शब्द कानों में चुभने लगते है !!!!! 

Ek cup chai....

 एक कप चाय..... एक कप चाय भी नसीब नहीं होती साथ में,   और ज़िन्दगी साथ बिता रहे है  कभी कभी ऐसा लगता है,   की फूल बन कर काँटों के बीच मुस्कुरा रहे है  एक कप चाय भी नसीब नहीं होती साथ में,   बस एक दूसरे का साथ दिए जा रहे है  कभी कभी तो तन्हा ही मुस्कुरा लेते है,   बस यू हीं ज़िंदगी जिए जा रहे है  एक कप चाय भी नसीब नहीं होती साथ में,   बस एक दूसरे को देख कर मुस्कुराये जा रहे है  ज़रूरतें तो सारी पूरी होती है,   बस ख्वाशियों को दिल में दबाए जा रहे है  एक कप चाय भी नसीब नहीं होती साथ में,   और सपने संजोये जा रहे है  फुरसत तो चाय पीने की भी नहीं है,   और सपने कॉफ़ी कैफ़े के सजाये जा रहे है !!!!!