Skip to main content

Wo meri khushi mai khush ho jata hai.....

 वो मेरी ख़ुशी में खुश हो जाता है..... 




वो मेरी ख़ुशी में खुश हो जाता है,
  बोलता नहीं है कुछ 
पर बिना बोले सब कुछ कह जाता है,
  वो मेरी आखों में पढ़ लेता है जस्बात मेरे 
मेरा जिक्र होता है उसकी हर बात में,
   हाँ जब वो कुछ नहीं कर पता है मेरे लिए 
तो वो बहुत परेशान हो जाता है,
  दिल में उदासी बहुत होती है 
पर चेहरे से मेरे लिए मुस्कुराता है,
  वो मेरी ख़ुशी में खुश हो जाता है 
वो मेरे रोने से डरता है,
  वो मुझे खोने से डरता है 
हर कदम पर हर राह पर मेरा साथ देता है,
  जहाँ मैं गिरती हूँ मेरा हाथ थाम लेता है
वो मेरी ख़ुशी है,
  वहीं मेरी हसीं है
वही मेरा हमसफ़र है,
  उसी के साथ ज़िन्दगी का सफर है 
वो मेरी ख़ुशी में खुश हो जाता है,
  बोलता नहीं है कुछ 
पर बिना बोले सब कुछ कह जाता है,
 
 



Comments

Popular posts from this blog

Papa ki Pari.....

पापा की परी..... पापा की  परी  बन कर आसमान में उड़ती है बेटियाँ,   न कोई बंदिशें न कोई रुकावटे होती है  बस हम, पापा का प्यार और आज़ादी होती है,   गलती करने पर पापा थोड़ा गुस्साते है  पर मन ही मन वो ही सबसे ज़्यादा प्यार जताते है, कंधे पर बैठा कर पूरी दुनिया घूमाते है   ऊँगली पकड़ कर पापा ही चलना सिखाते है, रोटियां जली हो या सब्जी कच्ची हो   फिर भी पापा को उस खाने में स्वाद लगता है, क्योंकी वो खाना बेटियों के हाथों से बना होता है     पापा ही तो है जो बेटियों  के हर नखरे उठाते है,   पापा ही तो है जो बेटियों को  परी  कह कर बुलाते है  अपने लिए एक जोड़ी कपडे भी न लाते वो, और बेटी के जन्मदिन पर ऐसा लगता है                                       कि पूरी बाजार ही उठा लाये है,  ऐसे होते है पापा !!!!!

Meri Diary..........

Meri Diary.......... मेरी डायरी का पहला पेज लिखा था मैंने दिल से ,     मेरी डायरी का हर एक पेज लिखा था कलरफुल पेन से  रोज़ की बातें या कोई खास दिन , ए - मेरी डायरी लगता है सूना तेरे बिन    किसी से न कहना पर तुझसे बातें करना अच्छी लगती थी ,    एक तू ही मेरी दोस्त सच्ची लगती थी  अब डायरी से बना कर रखी है दूरी ,    क्योंकी उसकी कमी हो गयी है पूरी  जब कोई साथ नही था मेरे ,    तब डायरी थी मेरी साथ  डायरी से करती थी ,    मैं अपने दिल की हर एक बात  मेरी डायरी बहुत अच्छी थी ,   क्योंकी वो मेरे लिए सच्ची थी  मेरी डायरी का पहला पेज लिखा था मैंने दिल से ,   मेरी डायरी का हर एक पेज लिखा था कलरफुल पेन से !!!!!!!!!!!!!!!

Jis din tera vishwas dagmaga gya.....

 जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया.....  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,   उस दिन रिश्ते संभाल नहीं पाओगे  जब होश आएगा तुम्हे,   बस पछताते ही रह जाओगे  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,   विश्वास की डोर भी टूट जाएगी  और तेरी हिम्मत भी तुझसे रूठ जाएगी,   और तेरी आत्मा भी खुद को अकेला पायेगी  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,   उस रिश्ते की नींव हिल जाएगी  वो डोर तो दोबारा जुड़ जाएगी,   पर उसमे एक गांठ हमेशा रह जाएगी  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,   तू अकेला ही रह जायेगा  इस भीड़ भरी दुनिया में,   बस भटकता ही रह जायेगा  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,   तू प्यार भरे रिश्तो को खो देगा  तू अकेला ही रह जायेगा,   और पल भर में ही रो देगा  जिस दिन तेरा विश्वास डगमगा गया,    तू रिश्तो को बाँध नहीं पायेगा  सारे रिश्ते बिखर जायेंगे,   और बस तू पछताता ही रह जायेगा !!!!!